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IMPS, NEFT, RTGS क्या है पूरी जानकारी

IMPS, NEFT, RTGS क्या है इसकी पूरी जानकारी यहाँ बताएँगे। अगर आपका किसी बैंक में अकाउंट है और आप उस बैंक की इंटरनेट बैंकिंग का इस्तेमाल करते है तब आप IMPS, NEFT, RTGS के बारे जरूर सुने होंगे। आज ऑनलाइन बैंकिंग के द्वारा लेनदेन प्रक्रिया को काफी आसान बना दिया गया है। अब आप बिना बैंक जाये घर बैठे बैंकिंग लेनदेन कर सकते है। ये मुमकिन हुआ है नेट बैंकिंग सुविधा से। किसी एक खाते से दूसरे खाते में पैसे भेजने के लिए जो सबसे महत्वपूर्ण तीन सुविधा का नाम है आईएमपीएस, आरटीजीएस और एनईएफटी।

लेकिन आज भी अधिकांश इंटरनेट बैंकिंग यूजर को IMPS, NEFT, RTGS क्या है, ये कैसे काम करती है और इसके क्या फायदें है इसके बारे में नहीं मालूम। जिससे वे ऑनलाइन बैंकिंग की इन महत्वपूर्ण सुविधाओं का लाभ नहीं पाते है। इसलिए हमने यहाँ सरल भाषा में बताने की कोशिश किया है कि आखिर ये IMPS, NEFT, RTGS क्या होते है और इसके क्या उपयोग है। तो चलिए शुरू करते है।

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IMPS क्या है ?

IMPS का Full form Immediate Payment Service यह होता है, जिसे हिंदी में तत्काल भुगतान सेवा भी आप कह सकते है। यह NEFT या RTGS की तरह ही एक इलेक्ट्रॉनिक फंड ट्रांसफर सुविधा है। IMPS की service सुविधाजनक है क्योंकि यह त्वरित और पेपरलेस है और फंड ट्रांसफर करने के लिए Bank Account details की आवश्यकता नहीं होती है। IMPS सुविधा का लाभ उठाने के लिए आपका मोबाइल नंबर बैंक खाते और MMID से जुड़ा होना आवश्यक है। IMPS Payment आप एक वर्ष में 24/7 और 365 दिन कर सकते हैं। सिर्फ इतना ही नही बल्कि बैंक या सार्वजनिक छुट्टियों के दौरान भी आप Fund ट्रांसफर कर सकते है।

IMPS के माध्यम से फंड ट्रांसफर कैसे करें ?

IMPS का उपयोग करके फंड ट्रांसफर करना आसान है। यह आपके संबंधित बैंक की मोबाइल बैंकिंग सुविधा का उपयोग करके किया जा सकता है। IMPS के माध्यम से फंड ट्रांसफर करने का तरीका जानने के लिए, हम आपको नीचे steps बता रहे है।

  1. IMPS शुरू करने के लिए, अपने बैंक के लिए उपलब्ध मोबाइल बैंकिंग ऐप इंस्टॉल करें।
  2. उस ऐप पर, बैंक द्वारा प्रदान की गई User ID और पासवर्ड का उपयोग करके लॉग इन करें। ज्यादातर मामलों में, मोबाइल बैंकिंग ऐप आवश्यकता के अनुसार आपके बैंक Details को स्वयं से प्राप्त कर लेगा।
  3. फिर आप ऐप में IMPS Option पर जाएं और अपने MMID को बनाने के लिए Options की तलाश करें।
  4. और जब MMID बन जाएगा, तो आप IMPS सुविधा का उपयोग कर सकते हैं।
  5. पैसे Transfer करने के लिए, Receiver का MMID Type करें।
  6. फिर last में अन्य आवश्यक Details जैसे कि beneficiary का नाम, बैंक के साथ Registered मोबाइल नंबर और NPS का उपयोग करके transfer की जाने वाली amount type करें।

IMPS के लाभ क्या है ?

  1. मोबाइल बैंकिंग लेनदेन के लिए उपयोग कर सकते है।
  2. फंड ट्रांसफर करने के लिए उपयोग कर सकते है।
  3. पैसे प्राप्त करने के लिए उपयोग कर सकते है।
  4. Business Payment करने के लिए उपयोग कर सकते है।

NEFT क्या है ?

NEFT का Full Form नेशनल इलेक्ट्रॉनिक फंड्स ट्रांसफर होता है। NEFT एक Payment सुविधा है जो विभिन्न सार्वजनिक और Private क्षेत्र के बैंकों में भारतीय रिजर्व बैंक द्वारा बनाई गई है। NEFT के अनुसार, कोई भी व्यक्ति किसी अन्य व्यक्ति के अलग बैंक खाते में पैसे Transfer कर सकता है। हालाँकि, इस सुविधा को Activate करने के लिए, संबंधित बैंक खातों का NEFT Activate होना चाहिए।

NEFT के माध्यम से फंड ट्रांसफर कैसे करें ?

NEFT के माध्यम से फंड ट्रांसफर करने के लिए, हम आपको नीचे steps बता रहे है।

  1. सबसे पहले अपने बैंक की इंटरनेट बैंकिंग में लॉग इन करें।
  2. इंटरनेट बैंकिंग  के होमपेज पर, ‘फंड ट्रांसफर’ Option चुनें।
  3. इस Option के तहत, ‘NEFT’ Option पर क्लिक करके चुनें।
  4. फिर Beneficiary का नाम चुने जिसे आप पैसे भेजना चाहते हैं।
  5. हालांकि, यह ध्यान दिया जाना चाहिए कि आप केवल एक Beneficiary को Select कर सकते हैं, जो पहले से ही list में हो।
  6. नया Beneficiary जोड़ने के लिए, page के निचले भाग में दिखाई देने वाले Option Add Beneficiary पर क्लिक करें और आवश्यक Details जैसे नाम, Account Number और IFSC कोड Type करें।
  7. पूरी details type करने पर, details verify करें, और Confirm पर क्लिक करें।
  8. आगे की Process के लिए, अपने Registered मोबाइल नंबर पर प्राप्त 4 अंकों का OTP Type करें।
  9. Beneficiary को जोड़ने के बाद आप फंड ट्रांसफर कर सकते हैं।

NEFT के लाभ क्या है ?

  1. पैसे ट्रांसफर करना जिससे समय की बचत होती है।
  2. NEFT Payment पूरी तरह से इलेक्ट्रॉनिक हैं।
  3. Payment Process सुरक्षित है और फ़ायरवॉल गेटवे के साथ एन्क्रिप्टेड है। इस प्रकार धोखाधड़ी और चोरों से सुरक्षा मिलती है।
  4. यह Payment Process निर्धारित समय के भीतर होती है और Users की सुविधा के अनुसार की जा सकती है।

RTGS क्या है ?

RTGS का Full Form रियल टाइम ग्रॉस सेटलमेंट होता है। यह देश के भीतर रियल-टाइम या ग्रॉस बेसिस पर एक बैंक से दूसरे बैंक में पैसे ट्रांसफर करने की एक इलेक्ट्रॉनिक तरीका है। ‘रियल-टाइम’ शब्द का मतलब है कि Payment बिना किसी देरी के तुरंत किया जाता है और ग्रॉस सेटलमेंट का मतलब है कि पैसे एक से दूसरे आधार पर transfer किए जाते है। बिज़नेस पर्सन और व्यापारी वर्ग पैसों का लेनदेन के लिए इस आरटीजीएस सुविधा का उपयोग सबसे ज्यादा करते है।

RTGS के माध्यम से फंड ट्रांसफर कैसे करें ?

ऑनलाइन मोड के माध्यम से RTGS फंड ट्रांसफर करने के लिए, हम आपको नीचे Steps बता रहे है।

  1. सबसे पहले, बैंक की वेबसाइट पर जाकर अपने लॉगिन का उपयोग करके बैंक के नेट बैंकिंग खाते को लॉगिन करें।
  2. अब, Beneficiary के खाते की Details जैसे कि बैंक का नाम, IMPS कोड, Account Name और Account Number Type करे।
  3. इसके बाद, फंड ट्रांसफर टैब के दिए हुए RTGS मोड चुनें और फंड ट्रांसफर की Amount डालें।
  4. Last में दिए गए नियमों और शर्तों को स्वीकार करें और RTGS ऑनलाइन फॉर्म जमा करें।

RTGS के लाभ क्या है ?

  1. RTGS यह ज्यादा amount लेनदेन के लिए है। RTGS के तहत फंड ट्रांसफर की सबसे कम सीमा transfer 2 लाख है और आप प्रति दिन 10 लाख तक फंड ट्रांसफर कर सकते हैं।
  2. RTGS फंड ट्रांसफर का इलेक्ट्रॉनिक तरीका केवल फंड ट्रांसफर के लिए RTGS समय के अनुसार देश के भीतर Payment करने के लिए इस्तेमाल किया जा सकता है।
  3. RTGS में लेन-देन जल्दी होता है और RTGS कारोबार के घंटों में लेनदेन के आधार पर किया जाता है, जिससे समय की बचत होती है।
  4. आप ऑफ़लाइन और ऑनलाइन तरीकों से RTGS के माध्यम से फंड ट्रांसफर कर सकते हैं। फंड्स को ऑफलाइन ट्रांसफर करने के लिए आपको बैंक में जाना पड़ता है, और आप नेट बैंकिंग के माध्यम से भी फंड ट्रांसफर कर सकते हैं।

एनईएफटी और आरटीजीएस में क्या अंतर है ?

NEFT और RTGS दोनों ही इंटर बैंक इलेक्ट्रॉनिक फंड ट्रांसफर सुविधा है। आप किसी एक बैंक से दूसरे में बैंक में इन सुविधा के द्वारा पैसे ट्रांसफर कर सकते है। एनईएफटी ट्रांसफर करने के बाद बेनेफिशरी के अकाउंट में 30 मिनट के अंदर पैसे जमा होते है जबकि आरटीजीएस ट्रांसफर में तुरंत रियल टाइम में पैसे ट्रांसफर हो जाते है। इसके अलावा NEFT और RTGS मेंमुख्य अंतर ये भी है कि NEFT में ट्रांसफर की न्यूनतम राशि निर्धारित नहीं है लेकिन RTGS में पैसे ट्रांसफर करने की न्यूनतम राशि 02 लाख रूपये है। एनईएफटी और आरटीजीएस दोनों में अधिकतम ट्रांसफर राशि 10 लाख है।

आरटीजीएस और एनईएफटी से सम्बंधित प्रश्न (FAQs)

इंटर बैंक ट्रांसफर क्या होता है ?

इंटर बैंक ट्रांसफर किसी एक बैंक खाताधारक के खाते से किसी अन्य बैंक शाखा के खाताधारक के खाते में इलेक्ट्रॉनिक ट्रांसफर को आसान बनाता है। इंटर बैंक ट्रांसफर की दो सुविधाएँ हैं – RTGS और NEFT। इन दोनों सुविधाओं को भारतीय रिजर्व बैंक द्वारा मेन्टेन किया जाता है।

रिटेल इंटरनेट बैंकिंग के तहत RTGS व NEFT ट्रांसफर के लिए न्यूनतम और अधिकतम राशि कितनी है ?

RTGS के तहत न्यूनतम 02 लाख रूपये और अधिकतम 10 लाख रूपये ट्रांसफर कर सकते है।
NEFT के तहत न्यूनतम कोई लिमिट निर्धारित नहीं और अधिकतम 10 लाख रूपये ट्रांसफर कर सकते है।

आरटीजीएस ट्रांसफर में पेयी (beneficiary) के खाते में पैसा कब मिलता है ?

सामान्य परिस्थितियों में पेयी (beneficiary) खाते में तुरंत यानि रियल टाइम में पैसा जमा हो जाता है। आरबीआई के नियमानुसार बैंकों को RTGS ट्रांसफर का मैसेज मिलते ही दो घंटे के भीतर बेनेफिशरी के खाते में क्रेडिट करना होता है।

एनईएफटी भुगतान के लिए पेयी (beneficiary) के खाते में पैसा कब मिलता है ?

एनईएफटी ट्रांसफर करने पर आधे घंटे के अंदर पेयी (beneficiary) के खाते में पैसे ट्रांसफर हो जाते है। आज सभी बैंक इलेक्ट्रॉनिक फण्ड ट्रांसफर की सुविधा को काफी बढ़ावा दे रहे है। इसलिए पैसे काफी तेजी से बेनेफिशरी के अकाउंट में क्रेडिट हो जाते है।

यदि किसी आरटीजीएस ट्रांसफर में बेनेफिशरी के खाते में जमा नहीं होता, तो क्या पैसे वापस मिलता है ?

हाँ। यदि RTGS ट्रांसफर करने के बाद पैसा बेनेफिशरी खाते में जमा नहीं होता तब बैंक 2 घंटे के भीतर सारे पैसे बेनेफिशरी बैंक को वापस कर देगा। एक बार राशि बैंक द्वारा प्राप्त हो जाने के बाद, इसे संबंधित शाखा द्वारा आपके खाते में जमा कर दिया जाता है।

आरटीजीएस और एनईएफटी ट्रांसफर सुविधा किस समय उपलब्ध हैं ?

आरटीजीएस और एनईएफटी ट्रांसफर पुरे दिन 24 x 7 उपलब्ध है। एनईएफटी ट्रांसफर 30 मिनट के अंदर बेनेफिशरी के खाते में जमा कर दिए है। अगर आप रात 11:50 बजे से सुबह 00:30 के बिच RTGS टट्रांसफर करते है तब इसमें देरी होगी। लेकिन ये अगले अगले निर्धारित समय में बेनेफिशरी के अकाउंट में जमा कर दिए जाते है।

RTGS और NEFT लेनदेन के लिए कितना सर्विस चार्ज लिया जाता है ?

इलेक्ट्रॉनिक फण्ड ट्रांसफर को बढ़ावा देने के लिए आरटीजीएस व एनईएफटी ट्रांसफर पर कोई सर्विस चार्ज नहीं लगाया जाता है। आप बिलकुल फ्री में इंटरनेट बैंकिंग की इस सुविधा का लाभ उठा सकते हो।

एनईएफटी लेनदेन के लिए बेनेफिशरी के खाते में क्रेडिट न होने या देरी होने की स्थिति में किससे संपर्क कर सकते है ?

ऐसी स्थिति में आप अपने बैंक के कस्टमर केयर नंबर पर कॉल कर सकते है। इसके साथ ही अपने बैंक की शाखा में भी कांटेक्ट करके सहायता ले सकते है।

सारांश : IMPS, NEFT और RTGS ये सभी इलेक्ट्रॉनिक फंड ट्रांसफर सुविधा है जिसे ऑनलाइन बैंकिंग यूजर उपयोग कर सकते है। इन सभी सुविधाओं का उपयोग अलग अलग परिस्थितियों में किया जाता है। इस इलेक्ट्रॉनिक फंड ट्रांसफर सुविधा के द्वारा हम बहुत आसानी से एक खाते से किसी दूसरे के खाते में पैसे भेज सकते है। आईएमपीएस, नेफ्ट और आरटीजीएस के बारे में विस्तार से बताया है। हम आशा करते है कि ये जानकारी आपको पसंद आया होगा।

आईएमपीएस, आरटीजीएस और एनईएफटी की जानकारी उन सभी के लिए काफी महत्वपूर्ण है जो इंटरनेट बैंकिंग सेवाओं का उपयोग करते है। इसलिए इस जानकारी को सोशल मीडिया में शेयर कर सकते है जिससे ज्यादा से ज्यादा लोग इन सुविधाओं के बारे में जा सकें। इस वेबसाइट में हम ऐसे ही महत्वपूर्ण बैंकिंग जानकारी प्रदान करते है। अगर आप ऐसी ही नई नई जानकारी पाना चाहते है तो गूगल पर myandroidcity.com सर्च करके भी यहाँ आ सकते है। थैंक यू !

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